Modern cine adaptation of the 1840s Petzval design — swirl bokeh and vintage bloom as aesthetic statement, available in 35/55/80.5mm.
लोमोग्राफी की जोसेफ पेटज़वाल सीरीज़ 1840 के एक ऑप्टिकल डिज़ाइन का आधुनिक पुनरुद्धार है — जिसे वियना में जोसेफ पेटज़वाल ने पहले पेशेवर पोर्ट्रेट स्टूडियो के लिए डिज़ाइन किया था। मूल में एक विशिष्ट बोकेह (bokeh) उत्पन्न होता है, जिसमें किनारों पर स्पष्ट भंवर (swirl) और बीच में नरम शार्पनेस (sharpness) होती है।
भंवर-बोकेह — यह क्या है
पेटज़वाल ऑप्टिक्स जानबूझकर पूरी तरह से ठीक नहीं किए गए हैं। जहाँ आधुनिक सिनेमाई ऑप्टिक्स पूरे इमेज फील्ड में एक समान बोकेह का लक्ष्य रखते हैं, वहीं पेटज़वाल डिज़ाइन एक इमेज फील्ड कर्वेचर (image field curvature) छोड़ देता है। इसके कारण अनशार्प सर्कल (unsharp circles) इमेज के केंद्र के चारों ओर घूमते हैं — प्रसिद्ध पेटज़वाल भंवर। यह सबसे अधिक खुले एपर्चर पर दिखाई देता है और एपर्चर को बंद करने पर काफी हद तक गायब हो जाता है।
सीरीज़
पाँच फोकल लंबाई: 27mm, 35mm f/2, 55mm f/1.7, 80.5mm f/1.9 और 135mm। सभी में एक ही ऑप्टिकल चरित्र है, जो सीरीज़ को एक एकल-विशेष ऑप्टिक के बजाय एक सुसंगत उपकरण बनाता है। विशेष बात युग्मित बोकेह-नियंत्रण रिंग (coupled Bokeh-Control ring) है: भंवर की तीव्रता को सात चरणों में समायोजित किया जा सकता है — इस प्रकार प्रभाव को एक या तो/या निर्णय के बजाय मापा जा सकता है।
माउंट और सिनेमा उपयोग
सोनी ई, कैनन आरएफ और निकॉन जेड की पेशकश की जाती है — ये मिररलेस फोटो माउंट हैं। लोमोग्राफी सीरीज़ को आर्ट लेंस (Art Lenses) के रूप में विपणन करता है, न कि सिनेमाई ऑप्टिक के रूप में: इसमें निरंतर गियर रिंग, हार्ड स्टॉप और कैलिब्रेटेड मार्किंग का अभाव है। सिनेमा बॉडी पर, वे एडेप्टर के माध्यम से चलते हैं, आमतौर पर रेड कोमोडो, ब्लैकमैजिक पॉकेट या सोनी-एफएक्स परिवार पर। जो कोई भी ऑप्टिक पर फोकस खींचने वाला (focus puller) लगाना चाहता है, वह रीहाउसिंग (rehousing) की योजना बनाएगा।
उपयोग के क्षेत्र
फैशन और संपादकीय, संगीत वीडियो, उदासीन- सुरुचिपूर्ण स्वर के साथ विज्ञापन। कथात्मक फीचर फिल्मों में दुर्लभ — भंवर इतना ध्यान देने योग्य है कि यह कहानी से आगे निकल जाता है।
संबंधित शब्द
क्विज़
1. Zu welchem Department gehört „Lomography Joseph Petzval"?