तकनीकी विवरण
आधुनिक फ़्रेम (Frames) एनोडाइज्ड एल्यूमीनियम से बने होते हैं जिनका वज़न 0.8 किलोग्राम (30x30 सेमी) से लेकर 12 किलोग्राम (366x366 सेमी) तक होता है। फ़्रेम प्रोफाइल का क्रॉस-सेक्शन आमतौर पर छोटे फ़्रेमों के लिए 25x25 मिमी और बड़े फ़्रेमों के लिए 50x50 मिमी तक होता है। इनमें 250 ओपल (1 स्टॉप प्रकाश हानि), 216 व्हाइट डिफ्यूजन (1/2 स्टॉप) या सिंगल नेट (1/3 स्टॉप) से लेकर ट्रिपल नेट (1 स्टॉप) तक विभिन्न घनत्वों वाले नेट जैसे डिफ्यूजन सामग्री का उपयोग किया जाता है। ब्लैक फ्लैग (सॉलिड) प्रकाश को पूरी तरह से रोकते हैं, जबकि सिल्क (Silks) सफेद रिपस्टॉप नायलॉन से बने होते हैं और हवा को गुजरने देते हैं।
इतिहास और विकास
पहले फ़्रेम 1920 के दशक में हॉलीवुड में काले मोल्टन फ्लैग के लिए साधारण लकड़ी के फ़्रेम के रूप में उभरे। 1934 में, मैथ्यूज स्टूडियो इक्विपमेंट (Matthews Studio Equipment) ने मानकीकृत धातु फ़्रेम पेश किए। 1960 में ली फिल्टर्स (Lee Filters) की पहली डिफ्यूजन सामग्री "फ्रॉस्ट" (Frost) के साथ एक बड़ी सफलता मिली, जिसे विशेष रूप से फ़्रेमों के लिए विकसित किया गया था। 1990 के दशक से, त्वरित कुंडी (quick-release) वाले फोल्डेबल बटरफ्लाई फ़्रेम (Butterfly frames) बाजार में हावी हो गए हैं।
फिल्मों में व्यावहारिक उपयोग
रोजर डीकिंस (Roger Deakins) ने "ब्लेड रनर 2049" (Blade Runner 2049) (2017) में प्रैक्टिकल लाइट (practical lights) से आने वाली कठोर एलईडी लाइट को तोड़ने के लिए इनडोर दृश्यों में 1/4 CTS डिफ्यूजन वाले 6'x8' फ़्रेमों का इस्तेमाल किया। बाहरी दृश्यों में, 12'x12' फ़्रेम सीधी धूप के खिलाफ ओवरहेड डिफ्यूजन के रूप में काम करते हैं। सामान्य वर्कफ़्लो में प्रकाश स्रोत से 1-3 मीटर की दूरी पर सी-स्टैंड (C-stands) या कॉम्बो-स्टैंड (Combo-stands) के साथ पोजिशनिंग शामिल है। फ़्रेम रंग तापमान परिवर्तन के बिना सटीक प्रकाश आकार देने की अनुमति देते हैं, लेकिन अतिरिक्त क्रू सदस्यों की आवश्यकता होती है और वे हवा के प्रति संवेदनशील होते हैं।
तुलना और विकल्प
फ़्रेम सॉफ्टबॉक्स (softboxes) से इस मायने में भिन्न होते हैं कि उनकी लचीलापन - कवर सामग्री बदली जा सकती है। चिमेरा (Chimera) या फोटोग्राफलेक्स (Photoflex) जैसे फिक्स्ड डिफ्यूज़र के विपरीत, फ़्रेमों को मनमाने ढंग से रखा जा सकता है। अंतर्निहित डिफ्यूजन वाले आधुनिक एलईडी पैनल छोटे फ़्रेमों की जगह ले रहे हैं, जबकि बड़े ओवरहेड को फोल्डेवे (Foldaway) या स्क्रिम-जिम (Scrim-Jim) जैसे स्ट्रेच-डिफ्यूजन सिस्टम से प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है। फ़्रेम डेलाइट आउटडोर शूटिंग के लिए और जहाँ भी प्रकाश की गुणवत्ता पर अधिकतम नियंत्रण की आवश्यकता होती है, वहाँ मानक बने हुए हैं।
वर्तमान
2025/2026 में सिनेमा कैमरों में फुल-फ्रेम सेंसर का विकास महत्वपूर्ण प्रगति दिखा रहा है। सोनी (Sony) का संभावित FX3 मार्क II (FX3 Mark II) बेहतर AI ऑटोफोकस तकनीक के साथ 16-मेगापिक्सल फुल-फ्रेम सेंसर पर निर्भर करता है। समानांतर में, फुजीफिल्म (Fujifilm) GFX इटरना 55 (GFX Eterna 55) के साथ 102-मेगापिक्सल सेंसर के साथ पहला मीडियम-फॉर्मेट सिनेमा कैमरा सिस्टम पेश कर रहा है, जो फुल-फ्रेम से 1.7 गुना बड़ा है।